*उत्तरकाशी : मानव–वन्य जीव संघर्ष न्यूनीकरण एवं वनाग्नि रोकथाम हेतु हुआ कार्यशाला का आयोजन*

जयप्रकाश बहुगुणा

 

*बड़कोट/उत्तरकाशी*

गुरुवार को अपर यमुना वन प्रभाग, बड़कोट के अंतर्गत वन चेतना केंद्र, बड़कोट में मानव–वन्य जीव संघर्ष न्यूनीकरण एवं वनाग्नि रोकथाम के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण कार्यशाला का आयोजन किया गया। उक्त कार्यशाला का आयोजन प्रभागीय वनाधिकारी रविंद्र पुंडीर के दिशा निर्देशन में किया गया, जिसकी अध्यक्षता उप प्रभागीय वनाधिकारी अपर यमुना वन प्रभाग बड़कोट साधु लाल द्वारा की गई।
कार्यशाला में क्षेत्र की वन पंचायतों के सरपंचों के साथ-साथ वन विभाग के फील्ड स्टाफ द्वारा सक्रिय सहभागिता की गई। कार्यशाला के प्रथम चरण में शिवानी रावत, प्रशिक्षु वन क्षेत्राधिकारी द्वारा पीपीटी प्रस्तुति के माध्यम से मानव–वन्य जीव संघर्ष के प्रमुख कारणों, वर्तमान चुनौतियों एवं प्रभावी रोकथाम उपायों पर विस्तारपूर्वक जानकारी दी गई। उन्होंने मानव एवं वन्य जीवों के बीच बढ़ते संघर्ष के सामाजिक, आर्थिक एवं पर्यावरणीय प्रभावों पर भी प्रकाश डाला। इसी क्रम में वन विभाग द्वारा मानव–वन्य जीव संघर्ष नियंत्रण हेतु अपनाई जा रही नवीन तकनीकों एवं आधुनिक उपकरणों की लाइव प्रदर्शनी प्रस्तुत की गई, जिससे फील्ड स्टाफ एवं स्थानीय वन पंचायत प्रतिनिधियों को व्यावहारिक जानकारी प्राप्त हुई। यह प्रदर्शनी संघर्ष की त्वरित रोकथाम एवं सुरक्षित समाधान की दिशा में अत्यंत उपयोगी सिद्ध हुई।
कार्यशाला के द्वितीय चरण में आशीष नौटियाल वन क्षेत्राधिकारी कुथनौर रेंज एवं शेखर राणा वन क्षेत्राधिकारी रंवाई रेंज द्वारा वनाग्नि काल 2026 से पूर्व की तैयारियों, वनाग्नि प्रबंधन की रणनीतियों, स्थानीय सहभागिता एवं मानव–वन्य जीव संघर्ष न्यूनीकरण के विभिन्न पहलुओं पर विस्तृत चर्चा की गई।
कार्यशाला के अंतिम चरण में उप प्रभागीय वनाधिकारी साधु लाल द्वारा सभी वन कर्मियों को वनाग्नि प्रबंधन के विभिन्न महत्वपूर्ण पहलुओं पर विस्तृत दिशा-निर्देश प्रदान किए गए। उन्होंने वनाग्नि की रोकथाम, समय पर त्वरित प्रतिक्रिया, संसाधनों के प्रभावी एवं कुशल उपयोग तथा आपसी समन्वय पर विशेष जोर दिया। साथ ही उपस्थित वन पंचायत सरपंचों को वन विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर वन एवं वन्य जीवों के संरक्षण में सक्रिय सहयोग करने हेतु प्रेरित किया गया।
इस अवसर पर वन दरोगा चंडी प्रसाद डिमरी, अतोल चौहान, त्रेपन सिंह, अभि सिंह, सरदार सिंह, मोती लाल, श्रीमती मीरा, सुनीता, श्वेता असवाल एवं वन बीट अधिकारी त्रिलोक बडोनी, पन्नालाल, संजय कलूड़ा, संदीप, प्रमोद नौटियाल, अंकित चौहान सहित अन्य वन कर्मचारी उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *