जयप्रकाश बहुगुणा
*बड़कोट /उत्तरकाशी*
चारधाम यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा हेतु तैनात एसडीआरएफ टीम ने यमुनोत्री पैदल मार्ग पर एक सराहनीय एवं जीवनरक्षक कार्य करते हुए 07 वर्षीय बालिका की जान बचाई।
मंगलवार को यमुनोत्री धाम से दर्शन कर लौट रहे एक श्रद्धालु परिवार की 07 वर्षीय बालिका, निवासी विशाखापत्तनम, भैरव मंदिर के समीप अचानक ऑक्सीजन की कमी के कारण अचेत होकर गिर पड़ी।
घटना की सूचना मिलते ही भैरव मंदिर क्षेत्र में ड्यूटी पर तैनात एसडीआरएफ टीम तत्काल मौके पर पहुंची और बच्ची को सुरक्षित रेस्क्यू करते हुए नजदीकी मेडिकल कैंप तक पहुंचाया। जांच के दौरान बच्ची का ऑक्सीजन सैचुरेशन लेवल मात्र 45 पाया गया, जो अत्यंत गंभीर स्थिति को दर्शाता है।
विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसी स्थिति में यदि समय रहते ऑक्सीजन सपोर्ट न मिले तो कुछ ही मिनटों में स्थिति जानलेवा हो सकती है। एसडीआरएफ टीम की त्वरित कार्रवाई ने एक अनमोल जीवन को सुरक्षित बचा लिया।
एसडीआरएफ टीम एवं चिकित्सा स्टाफ द्वारा तत्काल ऑक्सीजन सपोर्ट प्रदान किया गया, जिसके फलस्वरूप कुछ ही समय में बच्ची को होश आ गया और उसकी स्थिति में सुधार होने लगा। लगभग आधे घंटे की निगरानी के पश्चात बच्ची को पूर्णतः सामान्य स्थिति में उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया।परिजनों द्वारा एसडीआरएफ टीम की त्वरित कार्रवाई एवं संवेदनशील सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया गया।
चारधाम यात्रा के दौरान एसडीआरएफ द्वारा विभिन्न संवेदनशील स्थानों पर 24×7 टीमें तैनात हैं। उच्च हिमालयी क्षेत्रों में स्वास्थ्य संबंधी आपात स्थितियों से निपटने हेतु मेडिकल कैंप एवं ऑक्सीजन की समुचित व्यवस्था की गई है।रेस्क्यू टीम में आरक्षी भूपेंद्र सिंह, एसडीआरएफ व आरक्षी सुभाष सिंह, एसडीआरएफ शामिल रहे!