
जयप्रकाश बहुगुणा
*बड़कोट /उत्तरकाशी*
कल 19 अप्रैल 2026 को श्री यमुनोत्री धाम एवं गंगोत्री धाम के के कपाट खुलने जा रहे हैं। चारधाम यात्रा प्रारम्भ होने से पूर्व पुलिस अधीक्षक श्रीमती कमलेश उपाध्याय शनिवार को यमुनोत्री धाम यात्रा मार्ग का स्थलीय निरीक्षण कर यात्रा तथा सुरक्षा व्यवस्थाओं का ग्राउण्ड जीरों पर जायजा लिया गया।
यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग का निरीक्षण करते हुये भू-स्खलन एवं लैण्ड स्लाइडिंग जोन का भौतिक निरीक्षण कर वहां पर सुरक्षात्मक उपायों का आंकलन तथा भू-स्खलन जोन पर नियुक्त पुलिस बल को प्वाइंट टू प्वाइंट ब्रीफ कर ‘सेवा, सुविधा व सम्मान’ की थीम के अनुरुप सरल, सुगम व सुरक्षित यात्रा के निर्देश दिये गये।
जानकीचट्टी तक यात्रा मार्ग का स्थलीय निरीक्षण करते हुये उनके द्वारा प्रत्येक प्वाइंट पर यातायात व्यवस्था को अक्षुण्ण बनाये रखने तथा वाहनों को निर्धारित पार्किंग स्थलों पर पार्क करवाने के निर्देश दिये गये। यातायात का दबाव अधिक होने पर होल्डिंग प्वाइंस पर कुछ समय के लिए पार्क करवाने तथा नैरो पैच पर वन-वे ट्रैफिक मैनेजमेंट के निर्देश दिये गये।
यमुनोत्री धाम के अन्तिम पडाव जानकीचट्टी रजिस्ट्रेशन केन्द्र/कुली एजेन्सी पर यात्रा से जुडे कारोबारियों तथा घोड़ा-खच्चर/डण्डी-कण्डी संचालकों की मीटिंग लेकर सभी से यात्रा के दौरान पुलिस एवं सुरक्षा व्यवस्थाओं को बनाने में सहयोग की अपील की गयी। तार्थयात्रियों से अतिथि की भांति सौम्य व्यवहार करने, अनावश्यक यात्रियों को परेशान तथा जबरन वसूली न करने की सख्त हिदायत दी गयी। रजिस्ट्रेशन केन्द्र/कुली एजेन्सी संचालकों को घोड़ा-खच्चर/डण्डी-कण्डी को निर्धारित पड़ाव से ही रोटेशन वार चलाने के निर्देश दिये गये। यमुनोत्री धाम पैदल मार्ग पर भीड़ बढने की स्थिति में घोड़ा-खच्चरों को वैकल्पिक मार्ग से भेजने के निर्देश दिये गये।
जानकीचट्टी पुलिस चौकी, पार्किग तथा हेलीपैड का निरीक्षण कर वहां पर उपलब्ध सुविधाओं, संसाधनो का जायजा लिया गया, पुलिस चौकी पर सीसीटीवी की निगरानी, अगुन्तको से सभ्य व्यवहार करने तथा तीर्थयात्रियों व आम नागरिकों की शिकायत व समस्याओं को प्रथमिकता के आधार पर सुनने, निस्तारित तथा आपातकालीन स्थिति में त्वरित रिस्पॉस कॉ निर्देश दिये गये। पार्किग पर नियुक्त कर्मिकों को वाहनों को व्यवस्थित तरीके से पार्क करवाने, प्रवेश तथा निकासी के सम्बन्ध में जरुरी सावधानियां बताई गयी। खरसाली में हेलीपैड पर हेली कम्पनी के प्रबन्धकों व संचालको से वर्ता कर हवाई यात्राओं की सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी ली गयी।
यमुनोत्री पैदल मार्ग पर विभिन्न स्थानों पर श्रद्धालुओं की सहायता हेतु नियुक्त पुलिस व एसडीआरएफ को अलर्ट रहने तथा भीड प्रबन्ध के जरुरी निर्देश दिये गये। सुरक्षा के दृष्टिगत जानकीचट्टी से पैदल मार्ग पर सायं को निर्धारित समय के बाद यात्रियों को यमुनोत्री मंदिर न भेजे जाने के निर्देश दिये गये।
यात्रा में आपराधिक गतिविधियों एवं सुगम यातायात हेतु मुख्य-मुख्य स्थानों पर सीसीटीवी व ड्रोन के माध्यम से लगातार निगरानी तथा संदिग्धो की चैकिंग व फ्रिस्किंग करने के निर्देश दिये गये।
मन्दिर परिसर में यात्रियों को सुरक्षित दर्शन हेतु लाइन में लगाकर दर्शन करवाने के निर्देश दिये गये।
खरसाली (खुशीमठ) में पहुंचकर उनके द्वारा मां यमुना जी के दर्शन एवं पूजा अर्चना कर सुरक्षित यात्रा एवं सभी की खुशहाली की कामना की गयी। उनके द्वारा तीर्थ पुरोहितों व यमुनोत्री मंदिर समिति के पदाधिकारियों के साथ बैठक लेकर चारधाम यात्रा के सरल, सुगम व बेहतर संचालन, यात्रा व पुलिस व्यवस्थाओं पर चर्चा-परिचर्चा की गयी।
निरीक्षण के दौरान अपर पुलिस अधीक्षक शांतनु परासर, पुलिस उपाधीक्षक बडकोट चंचल शर्मा, प्रभारी निरीक्षक बडकोट सुभाष चन्द्र, थानाध्यक्ष पुरोला दीपक कठैत, थानाध्यक्ष मोरी दीपक रावत, वाचक कोमल सिंह रावत, यातायात उपनिरीक्षक विरेन्द्र पंवार, लक्ष्मण चुफाल, फायर स्टेशन बडकोट प्रभारी सूरत सिंह चौहान सहित अन्य पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।